आजकल पुराने नोट और सिक्कों का शौक रखने वालों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। यह सिर्फ शौक ही नहीं बल्कि एक अच्छा कारोबार भी बन चुका है। पुरानी या दुर्लभ करेंसी की कीमत कई बार उसके असली मूल्य से हजारों गुना ज्यादा हो सकती है। यही कारण है कि लोग अब घर बैठे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर पुराने नोट और सिक्के बेचकर लाखों रुपए तक कमा रहे हैं।
अगर आपके पास पुराने समय के ऐसे नोट और सिक्के रखे हुए हैं, जो अब प्रचलन से बाहर हो चुके हैं या किसी विशेष डिजाइन और प्रिंटिंग के कारण दुर्लभ बन चुके हैं, तो उनके खरीदार आसानी से मिल सकते हैं। ऐसे कलेक्टर इन्हें अपने संग्रह में जोड़ने के लिए ऊँची कीमत देने को तैयार रहते हैं। खासकर कुछ विशेष नोट, जैसे ₹5 का ट्रैक्टर वाला नोट, आज अमूल्य माने जा रहे हैं।
Note Coin Online Sell
भारतीय नोट और सिक्कों का इतिहास बहुत ही पुराना और रोचक है। समय-समय पर रिज़र्व बैंक ऑफ इंडिया ने खास डिजाइन वाले नोट और सिक्के जारी किए हैं। इनमें से कई आज आम जनता के पास दुर्लभ बनकर रह गए हैं। ऐसे नोट और सिक्के इतिहास, कला और संस्कृति की झलक दिखाते हैं।
आज कलेक्टर इन्हें सिर्फ पैसे के लिहाज से नहीं बल्कि अपनी रुचि और जुनून के लिए खरीदते हैं। यही वजह है कि पुरानी करेंसी की नीलामी के समय कीमत लाखों तक पहुँच जाती है।
₹5 का ट्रैक्टर वाला नोट
भारतीय करेंसी में सबसे चर्चित नोटों में से एक है ₹5 का ट्रैक्टर वाला नोट। यह नोट बहुत पहले छापा गया था और इसमें पीछे की ओर ट्रैक्टर की तस्वीर छपी होती है। यही डिजाइन इसे खास बनाता है।
कई विशेषज्ञों के अनुसार इस नोट की कीमत उसकी स्थिति, वर्ष और छपाई के आधार पर तय होती है। अच्छी हालत में रखे गए ट्रैक्टर वाले नोट की कीमत बाजार में हजारों से लेकर लाखों रुपए तक लग सकती है। यह खरीदार की मांग और दुर्लभता पर निर्भर करता है।
सरकार और आरबीआई की भूमिका
यहाँ पर यह समझना ज़रूरी है कि पुरानी करेंसी का यह कारोबार औपचारिक रूप से सरकारी योजना नहीं है। रिज़र्व बैंक ऑफ इंडिया पुराने नोट और सिक्के केवल वैधानिक दृष्टि से ही स्वीकार करता है, लेकिन संग्रहकर्ताओं और खरीदारों के बीच होने वाला लेन-देन सीधे उनके आपसी समझौते पर आधारित होता है।
सरकार की ओर से कोई विशेष वेबसाइट या योजना नहीं चलाई जाती जहाँ लोग अपने पुराने नोट ऊँची कीमत पर बेच सकें। बल्कि यह काम नुमिस्मैटिक संस्थाओं, मेलों और ऑनलाइन व्यापारिक मंचों के ज़रिए होता है।
कहाँ और कैसे बेच सकते हैं पुराने नोट और सिक्के
आजकल कई ऑनलाइन प्लेटफॉर्म मौजूद हैं जहाँ लोग अपने पुराने नोट और सिक्कों की तस्वीर अपलोड कर सकते हैं। वहाँ कलेक्टर या इच्छुक खरीदार उनसे सीधे संपर्क करते हैं। इस तरह घर बैठे ही यह सौदा सुरक्षित ढंग से पूरा हो जाता है।
ऑफलाइन स्तर पर भी देश के बड़े शहरों में कई नीलामी घर और नुमिस्मैटिक मेले आयोजित किए जाते हैं। वहाँ संग्राहक अपनी पुरानी करेंसी प्रदर्शित करते हैं और ऊँची बोली लगाने वालों को बेचते हैं। इन स्थानों पर असली खरीदार मिलने की संभावना कहीं अधिक होती है।
किन बातों का रखें ध्यान
जब भी आप पुराने नोट और सिक्के बेचने की सोचते हैं तो यह ध्यान रखें कि उनकी स्थिति ठीक हो। अगर नोट फटा हुआ या धुंधला है तो उसकी कीमत बहुत कम हो जाती है। वहीं अच्छी तरह से सुरक्षित और साफ-सुथरे नोट और सिक्कों की कीमत कई गुना तक हो सकती है।
एक और बड़ी बात यह है कि नकली खरीदारों से सावधान रहें। ऑनलाइन लेन-देन करते समय भरोसेमंद प्लेटफॉर्म और व्यक्ति से ही सौदा करें। कभी भी अपनी व्यक्तिगत जानकारी बिना जांचे-परखे साझा न करें।
निष्कर्ष
पुराने नोट और सिक्के आज सिर्फ पुरानी यादें नहीं बल्कि कमाई का बेहतरीन जरिया बन गए हैं। खासकर दुर्लभ नोट जैसे ₹5 का ट्रैक्टर वाला नोट, सही संग्राहक तक पहुँच जाए तो लाखों रुपए तक दिला सकता है। इसलिए अगर आपके पास भी ऐसे नोट या सिक्के सुरक्षित पड़े हैं, तो उन्हें संभालकर रखें और उचित खरीदार मिलने पर बेचें। यह आपके लिए यादगार धरोहर भी है और लाभ का अवसर भी।